Sunday, 31 May 2020

निर्जला एकदशी

हिंदू पंचांग के अनुसार अभी तीसरा महीना ज्येष्ठ का चल रहा है। इस महीने में गर्मी काफी तेज होती है इस कारण ये समय लोगों को पानी का मूल्य बताता है। इस पूरे माह पानी की बचत और जल का दान करना अच्छा माना जाता है। ज्येष्ठ माह की शुक्ल पक्ष की एकादशी को निर्जला एकादशी का व्रत रखा जाता है। इस दिन को भीमसेन एकादशी के नाम से भी जाना जाता है। इस दिन व्रती पानी की एक बूंद ग्रहण किये बिना निर्जला एकादशी का व्रत पूरा कर विष्णु जी की उपासना करता है। इस साल निर्जला एकादशी का व्रत 2 जून को रखा जाएगा।


एकादशी तिथि प्रारंभ - दोपहर 02:57 बजे से (1 जून 2020)

एकादशी तिथि समाप्त - दोपहर 12:04 बजे तक (2 जून 2020)

सूर्य पूजा करने की परंपरा

ज्येष्ठ महीने में सूर्य का प्रभाव चरम पर होता है। इस महीने तेज गर्मी रहती है और वाष्पीकरण अधिक होता है। इस कारण नदी, तालाब सूखने लगते हैं, जमीन का जल स्तर काफी नीचे चला जाता है। लोगों को पानी बर्बाद करने से बचना चाहिए। आप निर्जला एकादशी के मौके पर प्याऊ या मटके लगवाएं। अपने घर के बाहर या छत पर चिड़ियों के लिए दाना-पानी का इंतजाम करें। जल्दी उठकर सूर्य की पूजा करें। ज्येष्ठ महीने में अपने खाने पीने का विशेष ख्याल रखें।

No comments:

Post a Comment